ऊतक 9 वीं कक्षा नोट्स – BSEB Class 9 Science Chapter 6 Notes in hindi

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(Image: youtube) BSEB class 9 science chapter 6 tissue question answer Notes (ऊतक)

ऊतक 9 वीं कक्षा नोट्स – BSEB Class 9 Science Chapter 6 Notes in hindi

कक्षा 9 विज्ञान के अध्याय 6 का शीर्षक “ऊतक” है। यह अध्याय महत्वपूर्ण है क्योंकि यह हमारे शरीर के विभिन्न प्रकार के ऊतकों और उनके कार्यों के बारे में जानकारी प्रदान करता है। ऊतक (Tissue) कोशिकाओं का एक समूह होता है जो एक विशेष कार्य को संपादित करने के लिए संगठित होते हैं। इस लेख में, हम ऊतकों के प्रकार, उनकी संरचना, कार्य और महत्व के बारे में विस्तार से जानेंगे।

ऊतक का वर्गीकरण

ऊतकों को मुख्य रूप से दो भागों में विभाजित किया गया है:

  • पादप ऊतक (Plant Tissue)
  • पशु ऊतक (Animal Tissue)

पादप ऊतक (Plant Tissue):- पादप ऊतकों को दो मुख्य भागों में वर्गीकृत किया गया है:

  • स्थायी ऊतक (Permanent Tissue)
  • वर्धमान ऊतक (Meristematic Tissue)

वर्धमान ऊतक (Meristematic Tissue):- वर्धमान ऊतक उन ऊतकों को कहते हैं जो निरंतर विभाजित होते रहते हैं और नए ऊतकों का निर्माण करते हैं। इन्हें तीन भागों में विभाजित किया गया है:

  • वृत्तकिकीय ऊतक (Apical Meristem): यह ऊतक पौधे के शीर्ष और जड़ों के सिरे पर पाया जाता है और पौधे की लंबाई बढ़ाने में मदद करता है।
  • अंतरालिकीय ऊतक (Intercalary Meristem): यह ऊतक पत्तियों के आधार और नोड्स के बीच पाया जाता है।
  • पार्श्वीय ऊतक (Lateral Meristem): यह ऊतक पौधे की मोटाई बढ़ाने में मदद करता है, जैसे कि वेस्कुलर कैम्बियम और कॉर्क कैम्बियम।

स्थायी ऊतक (Permanent Tissue):- स्थायी ऊतक वे ऊतक होते हैं जिनकी कोशिकाएं विभाजित होना बंद कर देती हैं और एक विशेष कार्य करने के लिए भिन्न हो जाती हैं। इन्हें दो प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • सरल स्थायी ऊतक (Simple Permanent Tissue)
  • जटिल स्थायी ऊतक (Complex Permanent Tissue)
  • सरल स्थायी ऊतक (Simple Permanent Tissue)

सरल स्थायी ऊतक एक ही प्रकार की कोशिकाओं से बने होते हैं और इन्हें तीन प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • पैरेंकाइमा (Parenchyma): यह सबसे सामान्य प्रकार का स्थायी ऊतक है। यह पतली दीवारों वाली जीवित कोशिकाओं से बना होता है और यह भोजन के भंडारण और प्रकाश संश्लेषण में सहायता करता है।
  • (Collenchyma): यह ऊतक जीवित कोशिकाओं से बना होता है जिनकी दीवारें मोटी होती हैं। यह पौधे को लचीलापन और सहारा प्रदान करता है।
  • स्क्लेरेंकाइमा (Sclerenchyma): यह ऊतक मृत कोशिकाओं से बना होता है जिनकी दीवारें मोटी और कठोर होती हैं। यह पौधे को कठोरता और शक्ति प्रदान करता है।

जटिल स्थायी ऊतक (Complex Permanent Tissue):- जटिल स्थायी ऊतक दो या दो से अधिक प्रकार की कोशिकाओं से बने होते हैं जो एक साथ मिलकर एक विशेष कार्य करते हैं। इन्हें दो प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • ज़ाइलम (Xylem): यह ऊतक जल और खनिजों को जड़ों से पौधे के अन्य भागों तक पहुँचाने में मदद करता है। ज़ाइलम में ट्रैकिड्स, वाहिकाएं, ज़ाइलम पैरेंकाइमा और ज़ाइलम स्क्लेरेंकाइमा शामिल होते हैं।
  • फ्लोएम (Phloem): यह ऊतक पत्तियों में बने भोजन को पौधे के सभी भागों तक पहुँचाने में मदद करता है। फ्लोएम में सिव ट्यूब, साथी कोशिकाएं, फ्लोएम पैरेंकाइमा और फ्लोएम फाइबर शामिल होते हैं।

पशु ऊतक (Animal Tissue):- पशु ऊतकों को चार मुख्य प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • एपिथीलियल ऊतक (Epithelial Tissue)
  • संधिक ऊतक (Connective Tissue)
  • पेशीय ऊतक (Muscular Tissue)
  • तंत्रिका ऊतक (Nervous Tissue)

एपिथीलियल ऊतक (Epithelial Tissue):- एपिथीलियल ऊतक शरीर के आंतरिक और बाहरी सतहों को ढकता है। यह ऊतक सुरक्षा, अवशोषण, स्राव और संवेदन जैसी विभिन्न कार्यों को संपादित करता है। इसे कई प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • सरल स्क्वैमस एपिथीलियम (Simple Squamous Epithelium): यह पतली और सपाट कोशिकाओं से बना होता है और गेस विनिमय और अवशोषण में मदद करता है।
  • सरल क्यूबॉइडल एपिथीलियम (Simple Cuboidal Epithelium): यह क्यूब आकार की कोशिकाओं से बना होता है और स्राव और अवशोषण में मदद करता है।
  • सरल कॉलमर एपिथीलियम (Simple Columnar Epithelium): यह लंबी और स्तंभाकार कोशिकाओं से बना होता है और पाचन तंत्र के आंतरिक सतह को ढकता है।
  • स्तरीकृत स्क्वैमस एपिथीलियम (Stratified Squamous Epithelium): यह कई परतों में व्यवस्थित होता है और त्वचा को सुरक्षा प्रदान करता है।

संधिक ऊतक (Connective Tissue):- संधिक ऊतक विभिन्न अंगों और ऊतकों को आपस में जोड़ता है और समर्थन प्रदान करता है। इसे कई प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • रक्त (Blood): यह तरल ऊतक है जो शरीर के विभिन्न भागों में पदार्थों का परिवहन करता है।
  • अस्थि (Bone): यह कठोर और मजबूत ऊतक है जो शरीर को संरचना और समर्थन प्रदान करता है।
  • उपास्थि (Cartilage): यह लचीला ऊतक है जो जोड़ों में कुशनिंग और समर्थन प्रदान करता है।
  • ढीला संधिक ऊतक (Loose Connective Tissue): यह ऊतक अंगों और ऊतकों को एक साथ जोड़ता है और उनकी सुरक्षा करता है।
  • घना संधिक ऊतक (Dense Connective Tissue): यह ऊतक टेंडन और लिगामेंट्स में पाया जाता है और अंगों को मजबूती प्रदान करता है।

पेशीय ऊतक (Muscular Tissue):- पेशीय ऊतक संकुचन और विस्तार के द्वारा गति और बल उत्पन्न करता है। इसे तीन प्रकारों में विभाजित किया गया है:

  • असंकुचित पेशीय ऊतक (Skeletal Muscle Tissue): यह ऊतक स्वैच्छिक गति के लिए जिम्मेदार है और हड्डियों से जुड़ा होता है।
  • हृदय पेशीय ऊतक (Cardiac Muscle Tissue): यह ऊतक हृदय की दीवार में पाया जाता है और अनैच्छिक संकुचन करता है।
  • मृदुपेशीय ऊतक (Smooth Muscle Tissue): यह ऊतक आंतरिक अंगों की दीवारों में पाया जाता है और अनैच्छिक गति को नियंत्रित करता है।

तंत्रिका ऊतक (Nervous Tissue):- तंत्रिका ऊतक संवेदी उत्तेजनाओं का संचरण और प्रसंस्करण करता है। इसमें न्यूरॉन्स और न्यूरोग्लिया शामिल होते हैं। न्यूरॉन्स विद्युत संकेतों को प्रसारित करते हैं, जबकि न्यूरोग्लिया पोषण और समर्थन प्रदान करते हैं।

ऊतकों का महत्व

ऊतक शरीर की संरचना और कार्यों के लिए महत्वपूर्ण हैं। वे विभिन्न अंगों और प्रणालियों को बनाने में मदद करते हैं और उन्हें उनके कार्यों को संपादित करने में सक्षम बनाते हैं। ऊतकों के बिना, शरीर के विभिन्न अंगों के बीच समन्वय और संचार संभव नहीं हो पाता। इसलिए, ऊतक जीवों के जीवन में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

पादप ऊतकों का महत्व:- पादप ऊतकों का महत्व निम्नलिखित है:

  • पोषण: पैरेंकाइमा ऊतक प्रकाश संश्लेषण के माध्यम से भोजन का निर्माण करते हैं और इसे भंडारित करते हैं।
  • सहारा: कॉलरेंकाइमा और स्क्लेरेंकाइमा ऊतक पौधों को सहारा और कठोरता प्रदान करते हैं।
  • परिवहन: ज़ाइलम और फ्लोएम ऊतक जल, खनिज और भोजन का परिवहन करते हैं।

पशु ऊतकों का महत्व :- पशु ऊतकों का महत्व निम्नलिखित है:

  • संरक्षण: एपिथीलियल ऊतक शरीर के आंतरिक और बाहरी सतहों को ढकता है और सुरक्षा प्रदान करता है।
  • समर्थन और संरचना: संधिक ऊतक अंगों और ऊतकों को समर्थन और संरचना प्रदान करता है।
  • गति: पेशीय ऊतक संकुचन और विस्तार के द्वारा गति उत्पन्न करता है।
  • संवेदन: तंत्रिका ऊतक संवेदी उत्तेजनाओं का संचरण और प्रसंस्करण करता है।

निष्कर्ष

कक्षा 9 विज्ञान का अध्याय 6 “ऊतक” हमारे शरीर और पौधों के ऊतकों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करता है। ऊतक कोशिकाओं का एक समूह होता है जो विशेष कार्यों को संपादित करने के लिए संगठित होते हैं। ऊतकों के विभिन्न प्रकार होते हैं, जिनमें से प्रत्येक का अपना विशेष कार्य और महत्व होता है। पादप ऊतकों में वर्धमान और स्थायी ऊतक शामिल होते हैं, जबकि पशु ऊतकों में एपिथीलियल, संधिक, पेशीय और तंत्रिका ऊतक शामिल होते हैं। ऊतकों का अध्ययन हमें यह समझने में मदद करता है कि हमारे शरीर और पौधे कैसे काम करते हैं और विभिन्न कार्यों को संपादित करते हैं।

इस प्रकार, ऊतक हमारे जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं और उनके अध्ययन से हमें हमारे शरीर और पौधों के बारे में गहराई से समझने में मदद मिलती है। आशा है कि यह लेख कक्षा 9 के छात्रों के लिए ऊतक के विषय में सहायक सिद्ध होगा।

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